एसीएस डॉ. सुमिता मिश्रा ने वीसी कर लंबित कार्यों की समीक्षा की

- डीसी आयुष सिन्हा ने लंबित राजस्व कार्य जल्द निपटाने के दिए निर्देश


फरीदाबाद, 09  अप्रैल।
गृह विभाग हरियाणा की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने आज वीरवार को प्रदेशभर के जिला उपायुक्तों के साथ वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से बैठक लेते हुए हुए विभिन्न एजेंडों पर विस्तार से समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए राजस्व से जुड़े महत्वपूर्ण मामलों में अपेक्षित गति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कई प्रमुख मामले जैसे पार्टीशन केस, म्यूटेशन केस, पेपरलेस डिमार्केशन, राजस्व न्यायालयों के प्रकरण, जमाबंदी अपडेशन, ततीमा कटिंग पेंडेंसी, युवा आपदा स्कीम, पेपरलेस रजिस्ट्रेशन तथा मॉडल रिकॉर्ड रूम जैसे विषयों का सीधा संबंध आम नागरिकों से होने के कारण इन्हें सर्वोच्च प्राथमिकता देने की आवश्यकता है। उपायुक्त (डीसी) आयुष सिन्हा संबंधित अधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंस में शामिल हुए।

डीसी आयुष सिन्हा ने वीसी के उपरान्त सम्बंधित अधिकारियों की बैठक लेते हुए निर्देश दिए कि सभी लंबित म्यूटेशन कार्यों को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि म्यूटेशन प्रक्रिया में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो और आमजन को समय पर सुविधा मिल सके और पेपरलेस रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को पूरी पारदर्शिता के साथ लागू करें, ताकि डिजिटल इंडिया के विजन को धरातल पर उतारा जा सके। इसके साथ ही प्रशासन ने ततिमा (भूमि नक्शा) को अद्यतन करने पर विशेष जोर दिया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी लंबित ततिमा रिकॉर्ड को शीघ्र अपडेट किया जाए, ताकि भूमि से जुड़े अभिलेख सही, पारदर्शी और डिजिटल रूप में उपलब्ध हो सकें। इससे भूमि विवादों में कमी आएगी और नागरिकों को राजस्व संबंधी सेवाओं का लाभ आसानी से मिल सकेगा।

डीसी आयुष सिन्हा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पेपरलेस डिमार्केशन (निशानदेही) राजस्व रिकॉर्ड के आधुनिकीकरण पर जोर देते हुए मॉडल रिकॉर्ड रूम के रख-रखाव और वहां उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने निर्देश दिए कि पुराने रिकॉर्ड को सुरक्षित तरीके से डिजिटाइज किया जाए ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की त्रुटि न रहे। इसके साथ ही, उन्होंने युवा आपदा योजना (युवा आपदा स्कीम) की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आदेश दिए कि आपदा प्रबंधन के लिए युवाओं को प्रशिक्षित करने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए, ताकि आपातकालीन स्थितियों में स्थानीय स्तर पर तुरंत सहायता उपलब्ध हो सके।

डीसी आयुष सिन्हा ने कहा कि एग्रीस्टैक परियोजना के अंतर्गत किसानों से संबंधित डिजिटल डाटा से जुड़े सभी कार्यों को तेजी से पूरा किया जाए, ताकि किसान सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ समय पर प्राप्त कर सकें। इसके साथ ही सीमा स्तंभ निर्माण कार्यों को भी प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे भूमि सीमाओं को लेकर किसी प्रकार का भ्रम या विवाद न रहे।

बैठक में एडीसी अंजलि श्रोत्रिया, एसडीएम फरीदाबाद अमित कुमार, डीआरओ विकास सिंह, बड़खल तहसीलदार नेहा सहारन, बल्लभगढ़ तहसीलदार भूमिका लांबा सहित संबंधित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।