बच्चों की सुरक्षा और कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूकता जरूरी : सीजेएम जितेंद्र सिंह

- राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय एनआईटी-5 में पॉक्सो अधिनियम पर जागरूकता शिविर आयोजित
 
फरीदाबाद, 12 अक्टूबर।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए), फरीदाबाद द्वारा सुधीर जीवन, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फरीदाबाद के कुशल मार्गदर्शन तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, फरीदाबाद के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी एवं सचिव जितेंद्र सिंह की देखरेख एवं उपस्थिति में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, एनआईटी-5, फरीदाबाद में पॉक्सो अधिनियम, 2012 के संबंध में जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।

शिविर का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं विद्यालय के कर्मचारियों को बच्चों की सुरक्षा से जुड़े कानूनों तथा लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (पॉक्सो अधिनियम), 2012 के प्रावधानों के बारे में जागरूक करना था।

सीजेएम जितेंद्र सिंह ने पॉक्सो अधिनियम के उद्देश्य एवं महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने इस अधिनियम के अंतर्गत आने वाले विभिन्न अपराधों तथा उनके लिए निर्धारित दंड के बारे में बताया। उन्होंने यह भी समझाया कि बच्चों के साथ होने वाले यौन अपराधों की जानकारी संबंधित अधिकारियों को देना आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून के अनुसार 18 वर्ष से कम आयु के बच्चे की सहमति को ऐसे मामलों में कानूनी मान्यता नहीं दी जाती। इस कानून का मुख्य उद्देश्य बच्चों को यौन शोषण एवं दुर्व्यवहार से बचाना और उन्हें सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।

इस अवसर पर पैनल अधिवक्ता ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने बच्चों के अधिकारों, किसी भी प्रकार के शोषण या अपराध की जानकारी मिलने पर उसकी सूचना देने के महत्व तथा पीड़ित बच्चों और उनके परिवारों को विधिक सेवा संस्थाओं के माध्यम से मिलने वाली सहायता के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को जागरूक एवं सतर्क रहने तथा किसी भी अनुचित घटना की जानकारी मिलने पर बिना देरी किए संबंधित अधिकारियों को सूचित करने के लिए प्रेरित किया।

शिविर के दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विषय से संबंधित विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका संतोषजनक उत्तर दिया गया। इस जागरूकता कार्यक्रम से विद्यार्थियों एवं विद्यालय के कर्मचारियों को बच्चों की सुरक्षा, उनके कानूनी अधिकारों तथा उपलब्ध विधिक सहायता के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई। साथ ही, बच्चों के लिए सुरक्षित एवं भयमुक्त वातावरण बनाने का संदेश भी दिया गया।

कार्यक्रम के अंत में विद्यालय की प्रधानाचार्या ज्योति मंगला ने डीएलएसए, फरीदाबाद का आभार व्यक्त किया और इस उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक जागरूकता शिविर के आयोजन के लिए धन्यवाद दिया।