मेला परिसर में इंटरनेशनल पवेलियन पर्यटकों को कर रहा आकर्षित
-ऑलिव वुड से बने उत्पाद व कारविंग शिल्पकला पर्यटकों को आ रही पसंद
फरीदाबाद, 06 फरवरी।
सूरजकुंड में आयोजित 39वां अंतरराष्ट्रीय आत्मनिर्भर क्राफ्ट मेला देश-विदेश की संस्कृति के साथ शिल्प कला के अद्भुत दर्शन करा रहा है। मेघालय व उत्तर प्रदेश थीम स्टेट के साथ पार्टनर देश मिस्त्र की संस्कृति की झलक मेला परिसर में देखने को मिल रही है। मेला परिसर में बनाए अंतरराष्ट्रीय पवेलियन को लेकर पर्यटकों में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। इसके साथ ही पर्यटक यहां जमकर खरीदारी भी कर रहे हैं। बतां दे कि इंटरनेशनल पवेलियन में विभिन्न देशों ने अपने स्टॉल लगाए हुए हैं, जिनमें विभिन्न देशों की संस्कृति व शिल्पकला की झलक देखने को मिल रही है।
लकड़ी की कारविंग कला को दर्शा रहे ट्यूनीशिया के शिल्पकार
शिल्प मेले में देश के साथ-साथ विदेशी शिल्पकार अपनी शिल्पकला को अद्भुत तरीके से पर्यटकों को लुभाने का काम कर रहे हैं। मेला परिसर में इंटरनेशनल पवेलियन सजाया गया है, जहां विभिन्न देशों के शिल्पकार अपने-अपने देशों की संस्कृति की झलक बिखेर कर रहे है। अंतरराष्ट्रीय पवेलियन में ट्यूनीशिया शिल्पकारों द्वारा स्टॉल पर जैतून की लकड़ी (ऑलिव वुड) से बने उत्पाद और कारविंग की शिल्पकला पर्यटकों को काफी पसंद आ रही है। ट्यूनीशिया के शिल्पकार फियोजी खाबी ने बताया कि वे पिछले 10 वर्षो से सूरजकुंड मेले में आ रहे है। इस मेले में वे अपने साथ लकड़ी से रसोई के बर्तन व साज्जो-सजावट का सामान लेकर आए हैं। वे यह सारा सामान जैतून की लकड़ी (ऑलिव वुड) से बनाते हैं तथा इसे बनाने में कम से कम 2 से 4 दिन का समय लगता है। वे मेले में अपने साथ झूला, कॉफी सेट, टी सेट, चेयर, फ्लावर पॉट, घड़ी व कॉर्नर स्टूल सहित अन्य सामान लेकर आए है, जिसकी कीमत 200 रुपए से 25 हजार रुपए तक रखी गई है। मेले में ये अद्भुत शिल्पकलाएं अनोखी छाप छोड़ रही हैं। शिल्पकारों के हाथों से निर्मित किए गए सामान पर नक्काशी को देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है तथा पर्यटक इन स्टॉल से जमकर खरीददारी भी कर रहे हैं।
शिल्पकार ने बताया कि जैतून की लकड़ी अपनी मजबूती, सघनता और खूबसूरत बनावट के लिए प्रसिद्ध है। यह प्राकृतिक रूप से जीवाणुरोधी होती है, जो इसे रसोई के बर्तनों (कटिंग बोर्ड, चम्मच) के लिए आदर्श बनाती है इसकी सघन बनावट के कारण, इसमें बैक्टीरिया नहीं पनपते हैं, जो इसे किचन के लिए एक सुरक्षित और स्वच्छ विकल्प बनाते हैं। जैतून की लकड़ी में विशिष्ट रंग और पैटर्न होते हैं, जो इसे कलात्मक और आकर्षक बनाते हैं।